भाजपा सरकार द्वारा ‘बिजली बिल हाफ योजना’ को बंद करना सीधा जनविरोधी हमला है – अशोक श्रीवास्तव

एमसीबी। प्रदेश की भाजपा सरकार द्वारा बिजली बिल हाफ योजना को बंद किया जाना प्रदेश की करोड़ों जनता के साथ खुला विश्वासघात है। यह निर्णय आर्थिक रूप से कमजोर, मध्यमवर्गीय, मजदूर, किसान और गरीब परिवारों पर सीधा आघात है। जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अशोक श्रीवास्तव ने प्रेस वार्ता में भाजपा सरकार की जनविरोधी नीतियों की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि यह सरकार आम जनता के हितों को दरकिनार कर सिर्फ पूंजीपतियों की भलाई के लिए कार्य कर रही है। जिला अध्यक्ष अशोक श्रीवास्तव ने कहा कि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने राज्य के 44 लाख घरेलू उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए 400 यूनिट तक बिजली बिल हाफ योजना शुरू की थी, जिससे हर परिवार को हर महीने 40 से 50 प्रतिशत तक की बचत होती थी। यह योजना प्रदेश में बेहद सफल रही और गरीब से लेकर मध्यमवर्गीय परिवारों के जीवन स्तर में सुधार आया। लेकिन भाजपा सरकार ने सत्ता में आते ही पहले इस योजना को 100 यूनिट तक सीमित कर दिया और अब उसे पूरी तरह बंद कर दिया है। इसका सीधा मतलब है कि अब जिन उपभोक्ताओं की खपत 100 यूनिट से अधिक है, उन्हें पूरी दर से बिजली बिल चुकाना होगा, जिससे लाखों लोग प्रभावित होंगे। प्रदेश सचिव सुभाष कश्यप एवं पूर्व महापौर डमरू रेडी ने कहा इतना ही नहीं सरकार ने हाल ही में घरेलू बिजली दरों में 25 पैसे प्रति यूनिट की बढ़ोतरी की और अब 50 पैसे प्रति यूनिट और बढ़ाने की तैयारी में है। स्मार्ट मीटर के नाम पर उपभोक्ताओं को अत्यधिक बिल भेजे जा रहे हैं और अब निजी कंपनियों को मीटर लगाने की जिम्मेदारी देकर जनता की जेब पर और वार किया जा रहा है। दूसरी ओर, बिजली की कटौती और वोल्टेज की समस्या से निपटने में सरकार पूरी तरह विफल साबित हुई है। ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में जनता दिनभर बिजली की आंख-मिचौली से परेशान है, जबकि कांग्रेस शासनकाल में 24 घंटे निर्बाध बिजली आपूर्ति होती थी। प्रदेशभर से लगातार शिकायतें आ रही हैं कि अनाप-शनाप बिल भेजे जा रहे हैं, लेकिन सरकार कोई समाधान देने के बजाय निजी कंपनियों को मुनाफा पहुँचाने की तैयारी में है। जिला कांग्रेस अध्यक्ष अशोक श्रीवास्तव ने स्पष्ट किया कि यदि भाजपा सरकार ने बिजली बिल हाफ योजना को पुनः लागू नहीं किया तो कांग्रेस पार्टी प्रदेशभर में बड़ा आंदोलन छेड़ेगी। यह सिर्फ बिजली का नहीं, जनता के अधिकारों और उनके जीवन से जुड़े सवाल का आंदोलन होगा।
प्रेस वार्ता के दौरान जिला अध्यक्ष अशोक श्रीवास्तव के साथ ही नेता प्रतिपक्ष गायत्री बिरहा, उप नेता प्रतिपक्ष मोहम्मद इकराम, प्रदेश सचिव सुभाष कश्यप, पूर्व महापौर के डुमरी रेड्डी, शाहिद महमूद, राणा दास, शहाबुद्दीन, राहुल पटेल, विजय नेवार, सैफ नियाजी, शुभम सलूजा, निखिल यादव, रज्जाक खान, विश्वजीत दास, सलीम एवं अन्य नेता मौजूद रहे।



