जिला पंचायत उपाध्यक्ष पद के चुनाव पर जमकर हुआ हंगामा।

मनेंद्रगढ़। मनेंद्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर जिले में जिला पंचायत के उपाध्यक्ष पद के चुनाव को लेकर भाजपा ने रिटर्निंग ऑफिसर पर चुनाव को समय से पहले और चुने हुए जनप्रतिनिधियों को गुमराह करने का आरोप लगाया है। भाजपा जिला अध्यक्ष चंपा देवी पावले ने कहा कि हमने उपाध्यक्ष पद के चुनाव को लेकर कलेक्टर से अपील की थी और कलेक्टर ने निर्वाचन अधिकारी से जानकारी लेकर हमारी अपील को खारिज कर दिया है और हम इस अपील को लेकर हाइकोर्ट तक जाएंगे।
भाजपा ने यशवंती सिंह को अपना उम्मीदवार घोषित किया था। मतदान के दौरान दोनों दलों भाजपा और कांग्रेस के उम्मीदवारों को समान रूप से पांच-पांच वोट मिले। ऐसे में चुनाव का फैसला टॉस के जरिए किया गया, जिसमें भाजपा की यशवंती सिंह को जीत मिली और इस फेसले को दोनों दलों ने स्वीकार किया। गौरतलब है कि सोमवार को कलेक्टोरेट में कड़ी सुरक्षा के बीच मुख्य द्वार पर ताला लगाकर भीतर जिला पंचायत अध्यक्ष के बाद उपाध्यक्ष के लिए चुनाव कराया जा रहा था। इसमें भाजपा से उजित नारायण सिंह और कांग्रेस से राजेश साहू ने अपना नामांकन दाखिल किया। पीठासीन अधिकारी ने मतदान कराने के बाद मतगणना कराई। कांग्रेस समर्थित राजेश साहू को 6 मत और उजित नारायण सिंह को 4 मत मिले। इसमें चुनाव में कांग्रेस के राजेश साहू को जिला पंचायत उपाध्यक्ष निर्वाचित घोषित किया गया।
उपाध्यक्ष पद का परिणाम आने के बाद भाजपा के पदाधिकारी व कार्यकर्ता जो कलेक्टर परिसर में मौजुद थे उन्होंने समय से पहले चुनाव का परिणाम घोषित करने का आरोप लगाकर विरोध प्रदर्शन किया और कलेक्टर परिसर में बाहर से ताला जड़ दिया। जिसके बाद कलेक्टर डी. राहुल वेंकट ने ताला खोलवा कर चुनाव को लेकर आपत्ति ली।
और भाजपा के पदाधिकारी व कार्यकर्ता कलेक्टर परिसर के चैंबर के बाहर भारी संख्या में जमीन में बैठकर प्रदर्शन करने लगे। इस मामले को लेकर कांग्रेस ने राज्य निर्वाचन अधिकारी, छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग से भाजपा जिलाध्यक्ष चंपादेवी पावले पर निर्वाचन प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिश करने और जिला निर्वाचन अधिकारी, पीठासीन अधिकारी जिला पंचायत एमसीबी को कैद करने के लिए आपराधिक मामला दर्ज कराने की मांग की है।



