शहीद दिवस के अवसर पर छात्राओं को एनीमिया व महिला अधिकारों की दी गई जानकारी

एमसीबी/ राष्ट्रीय बालिका दिवस भारत में प्रतिवर्ष 24 जनवरी को मनाया जाता है। इसकी शुरुआत महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा वर्ष 2008 में की गई थी। इस दिवस का मुख्य उद्देश्य बालिकाओं के अधिकारों के संरक्षण, सेव द गर्ल चाइल्ड, चाइल्ड सेक्स रेशियो में सुधार, बालिकाओं के स्वास्थ्य, शिक्षा तथा उनके लिए सुरक्षित वातावरण के निर्माण को लेकर समाज में व्यापक जन जागरूकता फैलाना है। इसी कड़ी में महिला एवं बाल विकास विभाग अंतर्गत महिला सशक्तिकरण (हब) द्वारा दिनांक 16 जनवरी 2026 से 30 जनवरी 2026 तक 15 दिवसीय विशेष जागरूकता अभियान का आयोजन किया गया, जिसका समापन शहीद दिवस के उपलक्ष्य पर दिनांक 30 जनवरी 2026 को शासकीय हाई स्कूल पिपरिया, विकासखंड मनेंद्रगढ़, जिला एमसीबी में किया गया। यह कार्यक्रम कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी के आदेशानुसार तथा जिला कार्यक्रम अधिकारी के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम के अंतर्गत छात्राओं के लिए स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें विशेष रूप से एनीमिया विषय पर जानकारी दी गई। बालिकाओं को एनीमिया के कारण, उसकी रोकथाम, संतुलित एवं आयरन युक्त आहार, नियमित स्वास्थ्य जांच एवं स्वस्थ जीवन शैली के महत्व के बारे में अवगत कराया गया। कार्यक्रम का आयोजन महिला एवं बाल विकास विभाग, महिला सशक्तिकरण इकाई एवं सखी वन स्टॉप सेंटर के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। इस अवसर पर कन्या भ्रूण हत्या निषेध अधिनियम, घरेलू हिंसा अधिनियम, सखी वन स्टॉप सेंटर, बाल विवाह प्रतिषेध, गुड टच-बैड टच सहित महिला एवं बाल संरक्षण से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही छात्राओं को महिला हेल्पलाइन नंबर 181, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, आपातकालीन सेवा 112 एवं साइबर अपराध हेल्पलाइन 1930 के संबंध में भी जागरूक किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बालिकाओं को उनके अधिकारों, स्वास्थ्य एवं सुरक्षा के प्रति सजग कर उन्हें आत्मनिर्भर और सशक्त बनाना रहा।



